राजा मेहदी अली खान - सारे जहाँ से अच्छा, हिन्दोस्तां हमारा, सारे जहाँ से अच्छा, हिन्दोस्तां हमारा (आशा)

गीतकार : राजा मेहदी अली खानराग :
चित्रपट : भाई बहन (१९५९) संगीतकार : दत्ता नायक
भाव : देशप्रेम गायन : आशा भोंसले
सारे जहाँ से अच्छा,
हिन्दोस्तां हमारा,
सारे जहाँ से अच्छा,
हिन्दोस्तां हमारा,

हम बुलबुले हैं इसकी,
ये गुलसितां हमारा॥स्थायी॥
सारे जहाँ से अच्छा,
हिन्दोस्तां हमारा।

परबत है इसके ऊँचे,
प्यारी हैं इसकी नदियाँ।
हममऽ
परबत है इसके ऊँचे,
प्यारी हैं इसकी नदियाँ।

आकाश में इसी की,
गुजरी हजारों सदियाँ,
गुजरी हजारों सदियाँ।

हँसता है बिजलियों पर,
ये आशियां हमारा,

हम बुलबुले हैं इसकी,
ये गुलसितां हमारा॥१॥


वीरान कर दिया था,
आँधी ने इस चमन को।
आऽ
वीरान कर दिया था,
आँधी ने इस चमन को।

देकर लहू बचाया,
गाँधी ने इस चमन को,
गाँधी ने इस चमन को।

रक्षा करेगा इसकी,
हर नौंजवां हमारा,
हम बुलबुले हैं इसकी,
ये गुलसितां हमारा॥२॥


सारे जहाँ से अच्छा,
हिन्दोस्तां हमारा।



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